Patriotic Poem | मुझे देश से शिकायत है | Aradhna Jha Shrivastava | #republicdayspecial | Sahitya Tak

मुझे देश से शिकायत है

शिकायत अपनों से ही हुआ करती है

अधूरी अपेक्षाओं से उपजा करती है

परायों से न अपेक्षा न शिकायत... देश अपना 74 वां गणतंत्र दिवस मनाने को तैयार है ऐसे में सुनें आराधना झा श्रीवास्तव की देशभक्ति कविता मुझे देश से शिकायत है सिर्फ़ साहित्य तक पर.